नयी दिल्ली. कांग्रेस ने रविवार को कहा कि हैदराबाद विश्वविद्यालय के छात्र रहे रोहित वेमुला की मौत के मामले में पहले की गई जांच में कई विसंगतियां थीं और तेलंगाना में उसकी सरकार वेमुला के परिवार के लिए न्याय सुनिश्चित करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी. तेलंगाना पुलिस ने वेमुला की मौत के मामले में एक अदालत के समक्ष ‘क्लोजर रिपोर्ट’ दायर की है जिसमें दावा किया गया है कि वह दलित नहीं था और 2016 में उसने इस डर से आत्महत्या कर ली कि कहीं उसकी ”वास्तविक जाति” के बारे में सबको पता न चल जाए.
कांग्रेस के संगठन महासचिव के सी वेणुगोपाल ने कहा कि रोहित वेमुला की मौत ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ”दलित विरोधी मानसिकता” को पूरी तरह से उजागर कर दिया.

उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”राहुल गांधी जी समेत कांग्रेस इस कठिन समय में रोहित वेमुला के परिवार के साथ खड़ी है.” वेणुगोपाल ने कहा कि तेलंगाना पुलिस ने स्पष्ट किया है कि संबंधित ‘क्लोजर रिपोर्ट’ जून 2023 में तैयार की गई थी.
उन्होंने कहा, ”पहले की गई जांच में कई विसंगतियां थीं. तेलंगाना में कांग्रेस सरकार रोहित के परिवार के लिए न्याय सुनिश्चित करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी.” कांग्रेस पिछले साल भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) को हराकर राज्य में सत्ता में आई थी.

उन्होंने कहा, ”इतना ही नहीं, जब हम केंद्र में सरकार बनाएंगे तो हम एक ‘रोहित वेमुला अधिनियम’ पारित करेंगे जो विशेष रूप से परिसरों में जाति और संप्रदाय के आधार पर होने वाले अत्याचारों की समस्या से निपटेगा ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि सामाजिक-आर्थिक रूप से पिछली पृष्ठभूमि के किसी भी छात्र को कभी उस दुर्दशा का सामना न करना पड़े जो रोहित ने झेली.” रोहित वेमुला की मां राधिका वेमुला ने शनिवार को तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी से मुलाकात कर परिवार को ”न्याय दिलाने” का उनसे अनुरोध किया था. इस संबंध में एक आधिकारिक विज्ञप्ति में कहा गया कि रेड्डी ने उन्हें आश्वासन दिया कि वेमुला की आत्महत्या से जुड़े मामले की दोबारा जांच की जाएगी और न्याय दिलाया जाएगा.