नयी दिल्ली. कांग्रेस की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष पद से हाल में इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल होने वाले अरविंदर सिंह लवली ने बुधवार को कहा कि वह भाजपा छोड़ने के बजाय राजनीति छोड़ देंगे. लवली पूर्व मंत्री राजकुमार चौहान, नसीब सिंह और अमित मलिक सहित प्रदेश कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ पिछले सप्ताह भाजपा में शामिल हो गए थे. इससे पहले भी लवली 2017 में कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए थे. हालांकि, कुछ महीनों के भीतर वह 2018 में वापस कांग्रेस में लौट आये थे.

तब से वह कांग्रेस में थे और हाल में दिल्ली में लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की पसंद को लेकर पार्टी नेतृत्व के साथ मतभेद के चलते उन्होंने कांग्रेस छोड़ दी . लवली ने प्रदेश भाजपा कार्यालय में संवाददाताओं से कहा, ”पिछली बार मैंने गुस्से के कारण कांग्रेस छोड़ने का फैसला किया था. हालांकि, इस बार हमने ठंडे दिमाग और बहुत सोच-विचार के साथ फैसला किया है. अब हम यहीं (भाजपा में) राजनीति करेंगे या पार्टी छोड़ने के बजाय राजनीति छोड़ देंगे.” लवली के साथ मौजूद प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि लवली और अन्य नेता पार्टी में अपनी भूमिका तय करने के लिए स्वतंत्र होंगे.

लवली ने कहा कि किसी भी पार्टी में कार्यकर्ता की भूमिका सबसे अहम होती है और पार्टी उन्हें जो निर्देश देगी, वह उस भूमिका को निभाएंगे और पार्टी के लिए प्रचार करेंगे. लवली दिल्ली लोकसभा चुनाव के लिए भाजपा के 40 स्टार प्रचारकों में शामिल हैं. उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले दिनों में दिल्ली कांग्रेस के कई अन्य नेता भाजपा में शामिल हो सकते हैं. उन्होंने कहा, ”राजकुमार चौहान उत्तर पश्चिम दिल्ली में एक बड़े नेता हैं लेकिन उनका प्रभाव केवल उस निर्वाचन क्षेत्र तक ही सीमित नहीं है. इसी तरह, मैं और नसीब सिंह यमुनापार क्षेत्र में सक्रिय हैं जहां दो सीट हैं. यह सिर्फ शुरुआत है, अगर पार्टी अनुमति देगी तो (कांग्रेस के) हमारे अन्य मित्र भी शामिल हो जाएंगे.”