कोलकाता. केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने 2021 में पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बाद हुई हिंसा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के एक कार्यकर्ता की हत्या के मामले में शुक्रवार को राज्य में कई स्थानों पर छापे मारे. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई को मामले में तृणमूल कांग्रेस के कुछ नेताओं सहित छह फरार आरोपियों की तलाश है.
अधिकारियों ने बताया कि जांच एजेंसी के तलाश अभियान का लक्ष्य उन छह आरोपियों का पता लगाना है जिनके खिलाफ एक विशेष अदालत ने गैर जमानती वारंट जारी किया है.

उन्होंने बताया कि अदालत ने बुद्धदेब मैती, प्रदीप मंडल, देबब्रत पांडा, तापस बेज, अर्जुन कुमार मैती और बिक्रमजीत दास के खिलाफ वारंट जारी किया है. एक अधिकारी ने बताया कि सीबीआई की टीम ने 2021 में चुनाव बाद हुई हिंसा में भाजपा के एक कार्यकर्ता की हत्या की जांच के सिलसिले में पूर्वी मेदिनीपुर जिले के काथी में तृणमूल कांग्रेस के दो नेताओं के आवासों पर तलाशी ली.

उन्होंने बताया कि सीबीआई के अधिकारियों की एक टीम ने मामले की जांच के सिलसिले में शुक्रवार तड़के काथी ब्लॉक नंबर तीन में तृणमूल नेता देबब्रत पांडा और एक ब्लॉक प्रमुख नंददुलाल मैती के आवास पर छापा मारा. सीबीआई के एक अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ”जन्मेजय दोलुई की हत्या के मामले में दर्ज प्राथमिकी में पांडा, नंददुलाल के बेटे और 52 अन्य को नामजद किया गया है.” भाजपा कार्यकर्ता दोलुई की 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद हुई हिंसा में हत्या कर दी गई थी. सीबीआई के अधिकारी ने कहा कि 30 लोगों को हत्या के सिलसिले में पूछताछ के लिए बुलाया गया था लेकिन उनमें से कोई नहीं आया. उन्होंने कहा, ”हम इन लोगों के ठिकानों पर छापे मार रहे हैं. उनसे पूछताछ किये जाने की जरूरत है.”